मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने राज्य की बंद पड़ी 3 चीनी मिलों गोपालगंज, सकरी और रैयाम को दोबारा चालू करने की घोषणा की।

पटना। बिहार विधान मंडल के मॉनसून सत्र के दूसरे दिन मंगलवार को बिहार विधान परिषद की कार्यवाही के दौरान मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने राज्य की बंद पड़ी 3 चीनी मिलों को दोबारा चालू करने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि गोपालगंज, सकरी और रैयाम चीनी मिलों को शुरू करने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है। इसके लिए केंद्र सरकार की एक संस्था के साथ समझौता ज्ञापन (एमओयू) किया जाएगा। इस पहल का उद्देश्य गन्ना किसानों को बाजार उपलब्ध कराना, स्थानीय उद्योग को गति देना और युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ाना है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार लंबे समय से बंद पड़ी चीनी मिलों को दोबारा संचालित करने की दिशा में काम कर रही है। इसी क्रम में गोपालगंज, सकरी और रैयाम की मिलों को प्राथमिकता दी गई है। उन्होंने जानकारी दी कि केंद्र सरकार की संबंधित संस्था के साथ एमओयू होने के बाद तकनीकी और प्रशासनिक प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। इसके बाद चीनी मिलों को चरणबद्ध तरीके से चालू करने की योजना पर काम होगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार की चीनी मिलें कभी ग्रामीण अर्थव्यवस्था की मजबूत कड़ी मानी जाती थीं। इन मिलों के बंद होने के बाद गन्ना उत्पादक किसानों को अपनी फसल बेचने में दिक्कतें बढ़ीं। कई इलाकों में किसानों को दूसरे राज्यों की मिलों पर निर्भर होना पड़ा। चीनी मिलों के संचालन से केवल गन्ना उत्पादकों को ही फायदा नहीं होगा, बल्कि परिवहन, मजदूरी, लघु व्यापार और स्थानीय बाजार में भी आर्थिक गतिविधियां बढ़ेंगी। इसके अलावा प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से रोजगार के नए अवसर बनेंगे।